पलवल में ₹3.50 करोड़ की लागत से दीनबंधु चौधरी छोटूराम सामुदायिक भवन का निर्माण होगा। खेल मंत्री गौरव गौतम और नगर परिषद चेयरमैन डॉ. यशपाल ने ₹1 करोड़ के प्रथम चरण का शिलान्यास किया।

पलवल(SHOYAB): पलवल शहर के विकास को नई दिशा देने वाली एक महत्वपूर्ण परियोजना की शुरुआत हो गई है। नगर परिषद पलवल की ओर से लगभग ₹3.50 करोड़ की लागत से बनने वाले दीनबंधु चौधरी छोटूराम सामुदायिक भवन के प्रथम चरण का शिलान्यास हरियाणा के खेल मंत्री गौरव गौतम और नगर परिषद चेयरमैन डॉ. यशपाल ने विधिवत पूजा-अर्चना के साथ किया। इस अवसर पर चेयरमैन डॉ. यशपाल ने कहा कि पलवल के इतिहास में पहली बार दीनबंधु चौधरी छोटूराम के नाम पर इतना भव्य और आधुनिक सामुदायिक भवन बनाया जा रहा है। उन्होंने बताया कि परियोजना को दो चरणों में पूरा किया जाएगा। पहले चरण में ₹1 करोड़ की लागत से निर्माण कार्य शुरू किया गया है, जबकि दूसरे चरण में करीब ₹2.50 करोड़ खर्च कर भवन का शेष निर्माण पूरा किया जाएगा।
उन्होंने बताया कि यह सामुदायिक भवन सामाजिक, सांस्कृतिक, शैक्षणिक और सार्वजनिक कार्यक्रमों के लिए आधुनिक सुविधाओं से युक्त केंद्र के रूप में विकसित किया जाएगा। इसके निर्माण से पलवल और आसपास के हजारों लोगों को बेहतर सार्वजनिक सुविधाओं का लाभ मिलेगा। डॉ. यशपाल ने कहा कि दीनबंधु चौधरी छोटूराम ने किसानों, मजदूरों और वंचित वर्गों के अधिकारों के लिए अपना जीवन समर्पित किया था। उनके नाम पर बनने वाला यह भवन उनके आदर्शों और जनसेवा की विरासत को आगे बढ़ाने का कार्य करेगा।
मुख्य अतिथि खेल मंत्री गौरव गौतम ने कहा कि प्रदेश सरकार विकास कार्यों को तेज गति से आगे बढ़ा रही है। उन्होंने विश्वास जताया कि यह सामुदायिक भवन पलवल की सामाजिक पहचान को नई मजबूती देगा और आने वाले समय में क्षेत्र के लोगों के लिए एक महत्वपूर्ण सार्वजनिक सुविधा केंद्र साबित होगा। उन्होंने नगर परिषद पलवल और चेयरमैन डॉ. यशपाल द्वारा कराए जा रहे विकास कार्यों की सराहना करते हुए इस परियोजना के सफल निर्माण की शुभकामनाएं दीं। शिलान्यास समारोह में पूर्व भाजपा जिलाध्यक्ष चरण सिंह तेवतिया, पूर्व सरपंच महिपाल दलाल, भाजपा नेता इन्दर दलाल, पार्षद तेजपाल चौधरी, रविन्द्र खेड़ी, दीपचंद बौद्ध, देवेन्द्र तंवर, हरिकिशन तेवतिया, जीत जाखड़, जितेन्द्र तेवतिया, समाजसेवी जय सिंह गुलिया, ओमी दलाल, प्रवीण डूडी, राहुल खुटेला, धर्म तेवतिया सहित बड़ी संख्या में जनप्रतिनिधि, सामाजिक कार्यकर्ता और स्थानीय नागरिक मौजूद रहे।
