पलवल में कांवड़ यात्रा 2026 के दौरान बिना अनुमति कांवड़ शिविर लगाने पर रोक लगा दी गई है। जिलाधीश डॉ. जयेन्द्र सिंह छिल्लर ने 30 जुलाई से 11 अगस्त तक धारा 163 के तहत आदेश जारी किए हैं।

पलवल(SHOYAB): सावन माह में आयोजित होने वाली कांवड़ यात्रा-2026 को लेकर पलवल जिला प्रशासन ने सुरक्षा और कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए सख्त दिशा-निर्देश जारी किए हैं। जिलाधीश डॉ. जयेन्द्र सिंह छिल्लर ने भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता (BNSS) 2023 की धारा-163 के तहत आदेश जारी करते हुए स्पष्ट किया है कि 30 जुलाई से 11 अगस्त 2026 (रात्रि जलाभिषेक) तक जिले में बिना पूर्व अनुमति कोई भी व्यक्ति, संस्था या संगठन कांवड़ शिविर स्थापित नहीं कर सकेगा। जारी आदेशों के अनुसार कांवड़ शिविर लगाने के इच्छुक आयोजकों को संबंधित उपमंडल अधिकारी (नागरिक) – पलवल, होडल या हथीन से पहले अनुमति लेना अनिवार्य होगा। प्रशासन ने यह फैसला कांवड़ यात्रा के दौरान बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं की आवाजाही और सुरक्षा व्यवस्था को ध्यान में रखते हुए लिया है।
प्रशासन ने शिविरों के स्थान को लेकर भी स्पष्ट दिशा-निर्देश जारी किए हैं। आदेश के अनुसार शिविर केवल दिल्ली-मथुरा राष्ट्रीय राजमार्ग के बाईं ओर (मथुरा दिशा) मुख्य सड़क से लगभग 100 फीट की दूरी पर लगाए जा सकेंगे। इसके अलावा दो कांवड़ शिविरों के बीच कम से कम दो किलोमीटर की दूरी बनाए रखना भी अनिवार्य होगा। जिलाधीश ने बताया कि ये आदेश जनहित और सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए तत्काल प्रभाव से लागू किए गए हैं। आदेशों का व्यापक प्रचार-प्रसार मुनादी, नोटिस बोर्ड और अन्य माध्यमों से किया जाएगा। साथ ही जिला सूचना विज्ञान अधिकारी को निर्देश दिए गए हैं कि आदेशों को जिला प्रशासन की आधिकारिक वेबसाइट पर भी अपलोड किया जाए।
पुलिस अधीक्षक को इन निर्देशों का कड़ाई से पालन सुनिश्चित कराने के निर्देश दिए गए हैं। प्रशासन ने स्पष्ट चेतावनी दी है कि आदेशों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) 2023 की धारा-223 सहित अन्य संबंधित कानूनी प्रावधानों के तहत कार्रवाई की जाएगी। जिलाधीश डॉ. जयेन्द्र सिंह छिल्लर ने सभी सामाजिक और धार्मिक संगठनों से अपील की है कि वे प्रशासन द्वारा जारी दिशा-निर्देशों का पालन करें और शांतिपूर्ण, सुरक्षित एवं व्यवस्थित कांवड़ यात्रा के आयोजन में सहयोग दें।
