तावडू के खारखड़ी स्थित मदरसा ईशा अतुल उलूम में स्वतंत्रता दिवस पर बच्चों ने तिरंगा यात्रा, भाषण, ड्राइंग प्रतियोगिता और सफाई अभियान के जरिए देशभक्ति व भाईचारे का संदेश दिया।
तावडू/मेवात (SHOYAB)। स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर हरियाणा के तावडू क्षेत्र के खारखड़ी स्थित मदरसा ईशा अतुल उलूम में देशभक्ति और सामाजिक जागरूकता से जुड़े कई कार्यक्रम आयोजित किए गए। मदरसे के बच्चों ने हाथों में तिरंगा लेकर तिरंगा यात्रा निकाली और देशप्रेम, एकता व आपसी भाईचारे का संदेश दिया। तिरंगा यात्रा के दौरान बच्चों में खासा उत्साह नजर आया। हाथों में लहराता तिरंगा और देशभक्ति के नारों के बीच बच्चों ने लोगों को स्वतंत्रता दिवस के महत्व के साथ-साथ समाज में आपसी सौहार्द बनाए रखने का संदेश दिया।
भाषणों में याद किए देश के वीर
तिरंगा यात्रा के बाद बच्चों ने देशभक्ति से ओतप्रोत भाषण प्रस्तुत किए। विद्यार्थियों ने स्वतंत्रता संग्राम के दौरान देश के लिए बलिदान देने वाले वीरों को याद किया और हिंदू-मुस्लिम-सिख-ईसाई एकता का संदेश दिया। बच्चों ने कहा कि देश की मजबूती आपसी एकता और भाईचारे में है। कार्यक्रम में उनके विचारों और उत्साह ने मौजूद लोगों का ध्यान आकर्षित किया।
ड्राइंग प्रतियोगिता में दिखी बच्चों की प्रतिभा
स्वतंत्रता दिवस समारोह के दौरान बच्चों की रचनात्मक प्रतिभा को सामने लाने के लिए ड्राइंग प्रतियोगिता भी आयोजित की गई। बच्चों ने तिरंगा, भारत माता और देशभक्ति से जुड़े अलग-अलग चित्र बनाकर अपनी कल्पनाशीलता दिखाई। प्रतियोगिता के माध्यम से बच्चों ने देश के प्रति अपनी भावनाओं को रंगों और चित्रों के जरिए अभिव्यक्त किया।
समारोह के साथ चलाया सफाई अभियान
कार्यक्रम को सिर्फ सांस्कृतिक आयोजन तक सीमित नहीं रखा गया। बच्चों और आयोजकों ने सफाई अभियान चलाकर आसपास के क्षेत्र की साफ-सफाई की।
इस दौरान लोगों को स्वच्छता के प्रति जागरूक किया गया और अपने आसपास साफ-सुथरा वातावरण बनाए रखने की अपील की गई। आयोजकों का कहना था कि देशभक्ति केवल नारों तक सीमित नहीं होनी चाहिए, बल्कि समाज और आसपास के वातावरण के प्रति जिम्मेदारी निभाना भी इसका हिस्सा है।
तिरंगे ने दिया एकता का संदेश
मदरसे में आयोजित कार्यक्रम में तिरंगा यात्रा, देशभक्ति भाषण, ड्राइंग प्रतियोगिता और सफाई अभियान ने स्वतंत्रता दिवस को अलग अंदाज में मनाने का संदेश दिया। बच्चों की गतिविधियों के जरिए यह संदेश सामने आया कि देशभक्ति किसी एक वर्ग या समुदाय तक सीमित नहीं है। तिरंगा पूरे देश को एक सूत्र में जोड़ने वाला राष्ट्रीय प्रतीक है। कार्यक्रम में एकता, भाईचारे और स्वच्छता को लेकर बच्चों की भागीदारी ने समारोह को खास बना दिया।

