हरियाणा सरकार की टेली-ईसीजी सेवा से अब तक 2,688 मरीजों को लाभ मिला है। स्वास्थ्य मंत्री आरती सिंह राव की पहल पर शुरू हुई इस योजना से 131 गंभीर मरीजों की समय रहते पहचान कर उनकी जान बचाई जा चुकी है।

चंडीगढ़ (SHOYAB) हरियाणा सरकार की टेली-ईसीजी सेवा राज्य में हृदय रोगियों के लिए जीवनदायिनी साबित हो रही है। स्वास्थ्य मंत्री आरती सिंह राव की पहल पर शुरू की गई इस योजना के तहत अब तक 2,688 मरीजों को सेवा प्रदान की जा चुकी है, जबकि 131 गंभीर मरीजों की समय रहते पहचान कर ‘गोल्डन ऑवर’ में इलाज उपलब्ध कराया गया, जिससे उनकी जान बचाई जा सकी।
स्वास्थ्य मंत्री ने बताया कि इस योजना की प्रेरणा एक ऐसी घटना से मिली, जिसमें उप-मंडल अस्पताल (SDH) में ईसीजी सुविधा उपलब्ध न होने के कारण दिल का दौरा पड़ने वाले मरीज की समय पर पहचान नहीं हो सकी और उसकी मौत हो गई। इस घटना के बाद राज्य के सभी सरकारी स्वास्थ्य संस्थानों में ईसीजी सुविधा उपलब्ध कराने का निर्णय लिया गया।
600 सरकारी स्वास्थ्य संस्थानों में शुरू हुई सेवा
मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने 29 मई 2026 को पंचकूला से इस सेवा का शुभारंभ किया था। वर्तमान में यह सुविधा राज्य के 600 सरकारी स्वास्थ्य संस्थानों में उपलब्ध है, जिनमें:
71 जिला एवं उप-मंडल नागरिक अस्पताल
121 सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (CHC)
408 प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र (PHC)
शामिल हैं।
89 रुपये में 10 मिनट के भीतर विशेषज्ञ रिपोर्ट
इस योजना के तहत मरीज का ईसीजी मात्र 89 रुपये में किया जाता है और 10 मिनट के भीतर हृदय रोग विशेषज्ञ (कार्डियोलॉजिस्ट) द्वारा रिपोर्ट उपलब्ध करा दी जाती है। इससे ग्रामीण और दूरदराज़ क्षेत्रों के मरीजों को समय पर विशेषज्ञ सलाह और इलाज मिल रहा है।
‘गोल्डन ऑवर’ में इलाज से बच रही जान
चिकित्सा विज्ञान के अनुसार हार्ट अटैक के बाद का पहला घंटा ‘गोल्डन ऑवर’ माना जाता है। इसी दौरान सही उपचार मिलने से मरीज की जान बचने की संभावना सबसे अधिक होती है। टेली-ईसीजी सेवा इस महत्वपूर्ण समय में मरीजों की पहचान और उपचार सुनिश्चित कर रही है।
हर साल 3.28 लाख ईसीजी करने का लक्ष्य
सरकार के अनुसार इस योजना के तहत हरियाणा में सालाना लगभग 3,28,320 ईसीजी किए जाने का लक्ष्य रखा गया है। इसके लिए राष्ट्रीय गैर-संचारी रोग रोकथाम एवं नियंत्रण कार्यक्रम (NP-NCD) के तहत वर्ष 2026-27 के लिए 2.92 करोड़ रुपये का बजट स्वीकृत किया गया है।
स्वास्थ्य मंत्री आरती सिंह राव ने कहा कि टेली-ईसीजी सेवा ग्रामीण क्षेत्रों में स्वास्थ्य सेवाओं को नई दिशा देगी। सरकार का उद्देश्य राज्य के अंतिम व्यक्ति तक गुणवत्तापूर्ण और समय पर चिकित्सा सुविधाएं पहुंचाना है। उन्होंने कहा कि भविष्य में भी डिजिटल स्वास्थ्य सेवाओं के क्षेत्र में ऐसे नवाचार जारी रहेंगे।
