महाराष्ट्र के भाजपा विधायक पराग शाह जैन गुरु की सलाह पर एक दिन भिखारी के भेष में मुंबई के घाटकोपर की सड़कों पर निकले। अपने ही वॉचमैन ने उन्हें बाहर कर दिया, जबकि कुछ युवाओं ने ₹20 देकर मदद की।
मुंबई (DESK) 16 SEP 26। करोड़ों की संपत्ति, सुरक्षा और लग्जरी सुविधाओं के बीच रहने वाले भाजपा विधायक पराग शाह ने एक दिन ऐसा अनुभव किया, जिसने उन्हें आम लोगों की जिंदगी को करीब से देखने का मौका दिया। महाराष्ट्र के घाटकोपर ईस्ट से विधायक शाह भिखारी का भेष धारण कर मुंबई के घाटकोपर इलाके की सड़कों पर निकले और लोगों से मदद मांगी। यह कदम उन्होंने अपने जैन धर्मगुरु नम्रमुनि महाराज की सलाह पर उठाया था।
पराग शाह ने बताया कि भिखारी के भेष में जब वह अपने ही आवासीय परिसर पहुंचे, तो वहां तैनात वॉचमैन उन्हें पहचान नहीं पाया। शाह के मुताबिक, वॉचमैन ने उन्हें धक्का देकर परिसर से बाहर कर दिया। इसके बाद वह अपने एक ऐसे दोस्त के पास पहुंचे, जो अक्सर दूसरों की मदद करता है। लेकिन भेष बदले होने के कारण दोस्त भी उन्हें पहचान नहीं पाया और उन्हें वहां से भगा दिया।
इस पूरे अनुभव में कुछ ऐसे पल भी आए, जिन्होंने शाह को प्रभावित किया। उन्होंने बताया कि रास्ते में कुछ युवाओं को उन पर दया आ गई और उन्होंने ₹20 दिए। एक समोसा बेचने वाले ने भी उन्हें बिना पैसे लिए समोसा दिया। शाह के अनुसार, इस अनुभव के बाद वह बिना भेष के उन्हीं जगहों पर दोबारा गए और वहां मौजूद लोगों से बातचीत की। उन्होंने कहा कि इस अभ्यास का उद्देश्य अहंकार को कम करना और जरूरतमंद लोगों के जीवन की कठिनाइयों को समझना था।

