भारत सरकार ने चांदी के आयात पर सख्ती बढ़ाई। अब सिल्वर ग्रेन, पाउडर और 99.9% शुद्ध चांदी के आयात के लिए DGFT की मंजूरी जरूरी होगी।
नई दिल्ली (Desk) 03 June 2026 । देश में चांदी के बढ़ते आयात को लेकर केंद्र सरकार ने बड़ा फैसला लिया है। अब चांदी के कई रूपों के आयात के लिए पहले सरकारी मंजूरी लेना अनिवार्य कर दिया गया है। सरकार ने सिल्वर ग्रेन, पाउडर और 99.9% शुद्धता वाली चांदी को ‘रिस्ट्रिक्टेड’ कैटेगरी में डाल दिया है।
सरकार के इस फैसले के बाद अब इन उत्पादों का आयात सीधे नहीं किया जा सकेगा। आयातकों को पहले विदेश व्यापार महानिदेशालय (DGFT) से अनुमति लेनी होगी। नियमों का उल्लंघन करने पर सख्त कार्रवाई की जाएगी।
जानकारों के मुताबिक, यह फैसला विदेशी मुद्रा भंडार पर बढ़ते दबाव को कम करने और रुपये को स्थिर रखने के उद्देश्य से लिया गया है। हाल के महीनों में चांदी का आयात तेजी से बढ़ा जिससे देश के ट्रेड बैलेंस पर असर पड़ रहा था।इससे पहले सरकार सोना और चांदी पर आयात शुल्क 6 प्रतिशत से बढ़ाकर 15 प्रतिशत कर चुकी है। अब DGFT की मंजूरी अनिवार्य होने से आयात पर और नियंत्रण मजबूत होगा।
विशेषज्ञों का मानना है कि इस फैसले से ज्वैलरी और इंडस्ट्री सेक्टर पर असर पड़ सकता है, वहीं बाजार में चांदी की कीमतों में भी उतार-चढ़ाव देखने को मिल सकता है।सरकार का यह कदम साफ संकेत देता है कि अब कीमती धातुओं के आयात पर सख्त निगरानी रखी जाएगी और बिना अनुमति आयात संभव नहीं होगा।

