हरियाणा सरकार ने बुजुर्गों को बड़ी राहत दी है। जन्मतिथि साबित करने के दस्तावेज़ नहीं होने पर भी पेंशन बंद नहीं होगी। जरूरत पड़ने पर बड़े बेटे या बेटी के रिकॉर्ड से उम्र का सत्यापन किया जाएगा।

चंडीगढ़ ( SHOYAB) हरियाणा सरकार ने वृद्धावस्था सम्मान भत्ता (पेंशन) प्राप्त करने वाले बुजुर्गों को बड़ी राहत दी है। परिवार पहचान पत्र (PPP) में जन्मतिथि सत्यापन की प्रक्रिया के दौरान यदि किसी पात्र बुजुर्ग के पास उम्र साबित करने के आवश्यक दस्तावेज उपलब्ध नहीं हैं, तब भी उनकी पेंशन बंद नहीं की जाएगी।
मुख्यमंत्री के निर्देश पर सरकार ने वैकल्पिक व्यवस्था तैयार की है, ताकि केवल दस्तावेजों के अभाव में किसी भी पात्र बुजुर्ग का सम्मान भत्ता प्रभावित न हो। सत्यापन प्रक्रिया पूरी होने तक पेंशन का भुगतान जारी रहेगा।
सरकार के अनुसार जन्मतिथि सत्यापन के लिए जन्म प्रमाण पत्र, 10वीं की मार्कशीट, वर्ष 2019 तक बना मतदाता पहचान पत्र, पासपोर्ट और पेंशन पेमेंट ऑर्डर (PPO) सहित पांच प्रमुख दस्तावेज मान्य हैं। जिन लाभार्थियों के पास इनमें से कोई भी दस्तावेज उपलब्ध नहीं है, उनके लिए अन्य सरकारी रिकॉर्ड के आधार पर सत्यापन किया जाएगा।
नई व्यवस्था के तहत आवश्यकता पड़ने पर परिवार पहचान पत्र में दर्ज सबसे बड़े बेटे या बेटी के जन्म रिकॉर्ड के आधार पर भी बुजुर्ग की आयु का सत्यापन किया जा सकेगा। इससे विशेष रूप से ग्रामीण क्षेत्रों के उन बुजुर्गों को राहत मिलेगी, जिनके पास पुराने दस्तावेज उपलब्ध नहीं हैं।
सरकार का लक्ष्य दिसंबर तक परिवार पहचान पत्र में दर्ज महत्वपूर्ण जानकारियों का सत्यापन और अपडेट पूरा करना है, ताकि रिकॉर्ड अधिक पारदर्शी और सटीक बनाया जा सके।
