पुर्तगाल में भारतीय मूल के लोगों पर हुई गोलीबारी की जिम्मेदारी लॉरेंस बिश्नोई गैंग से जुड़े लोगों ने ली। जानिए क्या है पूरा मामला, कब हुई घटना और क्यों बढ़ी अंतरराष्ट्रीय एजेंसियों की चिंता।
New Delhi (Desk) 8 June 2026 । भारतीय गैंगस्टरों का नेटवर्क अब देश की सीमाओं से निकलकर यूरोप तक पहुंच चुका है। पुर्तगाल में भारतीय मूल के लोगों को निशाना बनाकर की गई दो गोलीबारी की घटनाओं ने अंतरराष्ट्रीय स्तर पर सनसनी फैला दी है। इन घटनाओं की जिम्मेदारी कथित तौर पर लॉरेंस बिश्नोई गैंग से जुड़े लोगों ने ली है। सोशल मीडिया पर जारी एक संदेश में धमकी दी गई कि यदि उनकी बात नहीं मानी गई तो “अगली गोली सीधे सीने में होगी।”
बताया जा रहा है कि हमले पुर्तगाल के Vila Nova de Milfontes और Sintra क्षेत्रों में हुए, जहां भारतीय मूल के दो लोगों को निशाना बनाया गया। सोशल मीडिया पोस्ट में राहुल आरके मीणा नाम के व्यक्ति ने, जो खुद को सुनील मीणा गैंग से जुड़ा बता रहा है, इन हमलों की जिम्मेदारी लेने का दावा किया।
क्या है पूरा मामला?
रिपोर्ट्स के अनुसार, दोनों घटनाओं में बाइक सवार हमलावरों ने भारतीय मूल के लोगों पर गोलियां चलाईं। हमलों के पीछे रंगदारी, आपसी गैंग प्रतिद्वंद्विता और अंतरराष्ट्रीय अपराध नेटवर्क की आशंका जताई जा रही है। हालांकि पुर्तगाल पुलिस ने अभी तक आधिकारिक रूप से किसी गैंग की संलिप्तता की पुष्टि नहीं की है।
7 जून 2026 को सामने आया दावा
इन घटनाओं की जिम्मेदारी लेने वाला सोशल मीडिया संदेश 7 जून 2026 को सार्वजनिक हुआ। इसके बाद भारत और पुर्तगाल की सुरक्षा एजेंसियों ने मामले पर नजर बढ़ा दी है। कई मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक यह मामला भारतीय गैंगों की बढ़ती अंतरराष्ट्रीय गतिविधियों की ओर इशारा करता है।
पहले भी पुर्तगाल में सामने आ चुके हैं ऐसे मामले
सितंबर 2025 में भी पुर्तगाल के लिस्बन क्षेत्र में हुई फायरिंग की जिम्मेदारी कथित रूप से बिश्नोई गैंग से जुड़े लोगों ने ली थी। उस घटना को भारतीय अपराध नेटवर्क से जुड़ा पुर्तगाल का पहला बड़ा गैंगवार माना गया था।
इसके अलावा फरवरी 2026 में भी पुर्तगाल में हुई एक अन्य फायरिंग के पीछे बिश्नोई गैंग का नाम सामने आया था।
जांच में जुटीं एजेंसियां
पुर्तगाल पुलिस, भारतीय एजेंसियां और अंतरराष्ट्रीय जांच एजेंसियां मामले की जांच कर रही हैं। अधिकारियों का मानना है कि यदि दावे सही साबित होते हैं तो यह भारतीय गैंगस्टरों के यूरोप में बढ़ते नेटवर्क का बड़ा संकेत हो सकता है।


